सक्ती, छत्तीसगढ़: बरपाली गांव में बुधवार की रात एक दर्दनाक हादसा हुआ, जब तेज रफ्तार से आ रहा एक अनियंत्रित पिकअप वाहन नहर में गिर गया। इस हादसे में पिकअप में सवार 20 लोग नहर में गिर गए, जिनमें से 17 लोगों को तुरंत जेसीबी की मदद से सुरक्षित निकाल लिया गया। हालांकि, तीन बच्चे लापता हो गए थे, जिनकी काफी खोजबीन की गई।
गुरुवार को, एक लापता बच्चे का शव बरामद किया गया था, और आज दो दिन बाद, दो अन्य बच्चों के शव मिले हैं। मिली जानकारी के अनुसार, जिन बच्चों के शव बरामद किए गए हैं, उनकी पहचान ऋषभ महंत (6 वर्ष) और भुरू महंत (8 वर्ष) के रूप में हुई है। एक बच्चे का शव ग्राम बेलचुआ नहर गेट में फंसा मिला, जबकि दूसरे बच्चे का शव ग्राम रगजा के तालाब में बहकर पहुंच गया था। दोनों बच्चों के शव को बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेजा गया है।
गुरुवार को जिस लापता बच्चे का शव मिला था, उसकी पहचान इंद्रा कुमार जायसवाल (9 साल) के रूप में हुई। इस हादसे ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है। इंद्रा के पिता, अशोक जायसवाल, अपने बेटे को खोने के गम में डूबे हैं और वह भी एक सड़क हादसे का शिकार हो गए। गंभीर रूप से घायल पिता का अस्पताल में इलाज जारी है।
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस और स्थानीय प्रशासन मौके पर पहुंचा और बचाव कार्य में जुट गया। 17 लोगों को सुरक्षित निकालने के बाद, तीन बच्चों के लापता होने की खबर ने पूरे इलाके में हड़कंप मचा दिया। स्थानीय निवासियों और अधिकारियों ने मिलकर बच्चों की खोजबीन की, लेकिन पहले दो दिन में कोई सफलता नहीं मिली। अंततः, शनिवार को दो बच्चों के शव मिलने से पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई।
इस हादसे ने न केवल पीड़ित परिवारों को बल्कि पूरे समुदाय को झकझोर कर रख दिया है। लोग इस त्रासदी से दुखी हैं और मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदनाएं व्यक्त कर रहे हैं। ऐसे हादसों से बचने के लिए स्थानीय प्रशासन को सख्त कदम उठाने की आवश्यकता है, ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की अनहोनी से बचा जा सके।


