बिलासपुर के अतिरिक्त आयकर आयुक्त ने व्यवसायियों, करदाताओं और सीए को बताए योजना के फायदे
रायगढ़. आयकर विभाग की विवाद से विश्वास स्कीम के पीछे छुपे हुए फायदे बहुत है जो आपके मानसिक शांति के लिए अत्यंत ही लाभकारी है। परंतु बहुत से लोग केवल टैक्स और पेनाल्टी की गणित में ही उलझे हुए हैं। इस स्कीम में आवेदन करने के लिए अंतिम तारीख 31 दिसंबर और आवेदन के बाद निर्धारित राशि जमा करने के लिए 31 मार्च 2021 है। बिलासपुर के अतिरिक्त आयकर आयुक्त आरके बराल ने रायगढ़ में करदाता, अधिवक्ता, सीए, आयकर प्रैक्टिशनर तथा चेंबर ऑफ कॉमर्स के प्रतिनिधियों से कहा कि किसी भी विवाद से मानसिक अशांति होती है और जिस विवाद का निर्णय अनिश्चित हो और उसका अंतिम पड़ाव अभियोजन और दंड हो तो यह और भी तनाव देने वाला होता है। इस स्कीम में आप इन सारी परेशानियों से मुक्त हो रहे हैं इस स्कीम में जो भी प्रकरण अपील, ट्रिब्यूनल और विभिन्न माननीय न्यायालयों में लंबित है उसमें आप केवल मूल रूप टैक्स अदा करके ब्याज पेनाल्टी और अभियोजन से बच सकते हैं। ठीक इसी तरह यदि आपने सारे कर अदा कर दिए हैं और आप केवल पेनाल्टी के लिए अपील में गए हैं। ऐसी स्थिति में आप अपने ऊपर आरोपित पेनाल्टी राशि का 25% अदा करके इस मामले को इसी स्टेज पर खत्म कर सकते हैं। सहायक आयकर आयुक्त पीके स्वर्णकार ने बताया कि आवेदक के भरे गए फार्म को जांच करने और गणना में पाई जाने वाली तकनीकी त्रुटि से एक-दो दिन का समय लग रहा है। ऐसे में आवेदक और कर सलाहकार इस स्कीम के दस्तावेजों का पूर्ण रूप से अध्ययन कर सही-सही गणना पत्रक के साथ आवेदन करें ताकि अविलंब ही उनके आवेदन पर विचार करते हुए उन्हें स्वीकृत किया जा सके। कार्यक्रम में आयकर अधिकारी सुजीत विश्वास, आयकर अधिकारी जीतेन्द्र सिंह, आयकर निरीक्षक जेपी मिश्रा, चेंबर के अध्यक्ष राजेंद्र अग्रवाल उपस्थित थे।
साभार: दैनिक भास्कर

