खरसिया-धरमजयगढ़ के बीच बनकर तैयार हुए चार स्टेशन, पांच और बन रहे
रायगढ़. गुरुवार को धरमजयगढ़ से कारीछापर के बीच नई रेल लाइन में डीजल इंजन चलाकर ट्रायल किया गया। पहली बार क्षेत्र में दौड़ रही मालगाड़ी को देखने ग्रामीणों की भीड़ उमड़ पड़ी। रेलवे के अफसरों के अनुसार अभी तक 4 स्टेशन पूरी तरह तैयार हो चुके हैं। इसके आगे निरंतर पांच अन्य स्टेशनों को बनाने का काम चल रहा है। दो साल पहले 2018 में शुरू हुई खरसिया से धरमजयगढ़ के बीच 132 किलोमीटर की लाइन पर चार स्टेशन बनकर तैयार हो चुके हैं। खरसिया से धरमजयगढ़ के बीच गुरदा, छाल, घरघोड़ा, कारीछापर में स्टेशन बन गए हैं। इसी तरह कारीछापर से आगे ट्रैक पर काम चल रहा है। सोमवार को कारीछापर से धरमजयगढ़ सेक्शन में बन रहे धरमजयगढ़ रोड स्टेशन के बीच में डीजल इंजन का ट्रायल किया गया। रेलवे के अफसरों के अनुसार इसे छत्तीसगढ़ रेलवे कार्पोरेशन लिमिटेड द्वारा बनाया जा रहा है। टीम आगे कुड़ुमकेला, धरमजयगढ़, भालूमाड़ा और गारे पेलमा में अगले स्टेशन बनाएगी। इसी तरह कोरबा और उरगा के बीच भी 63 किलोमीटर की रेल लाईन बिछाने काम किया जा रहा है। इस बीच भी 6 स्टेशन बनाए जाएंगे। जिसमें से 3 स्टेशन खड़गांव, हाटी और धस्कामुड़ा स्टेशन रायगढ़ जिले के क्षेत्र में होंगे।
विकास की फैक्ट फाइल
परियोजनाओं की अनुमानित लागत-4741 करोड़
खरसिया से धरमजयगढ़ के बीच-132 किमी
लागत-3 हजार 55 करोड़
कब तक पूरी होगी- 2021 के अंत तक पूरा करने का टारगेट
धरमजयढ़-कोरबा-उरगा के बीच 63 किमी
लागत-1 हजार 686 करोड़ रुपए
कब तक पूरी होगी-2022 तक पूरा करने का टारगेट
ज्वाइंट वेंचर में हो रहा काम
64 प्रतिशत एसईसीएल, 26 प्रतिशत इरकॉन और 10 प्रतिशत की राशि छत्तीसगढ़ शासन संयुक्त रूप से साझेदारी की है।
साभार: दैनिक भास्कर

