रायगढ़. ड्राइविंग सीखने की ललक में बाइक लेकर निकले तीन नाबालिगों में दो की मौत हो गई। मस्ती में रफ्तार तेज हुई और बाइक सड़क किनारे मार्किंग खंभे से जा टकराई। हादसा मंगलवार दोपहर तमनार के महलोई गांव में हुआ। तीसरे की हालत गंभीर है। उल्लेखनीय है कि दीपक राठिया (15) पिता शुभम राठिया और टंकेश्वर राठिया (11) पिता जगलाल राठिया और दिलेश्वर राठिया (14) पिता मेघनाथ राठिया निवासी महलोई मंगलवार को बाइक सीखने निकले थे। दरअसल नाबालिगों के घर में मेहमान नया बाइक लेकर आए थे। बाइक सीखने की ललक में तीनों बच्चे एक साथ निकले। दोपहर लगभग 2 बजे घर से निकले। पड़िगांव जाने के रास्ते में मोड़ में उनकी बाइक बेकाबू होकर माइल स्टोन से टकरा गई। तीनों बच्चे वहीं बेहोश हो गए। टंकेश्वर और दिलेश्वर की मौके पर ही मौत हो गई दीपक अभी भी गंभीर है।
बाइक लेकर निकले परिजन को भनक नहीं
दीपक राठिया के घर ढोलनारा से उसके मौसा आए थे। वे नई बाइक लेकर आए थे, चाबी निकालना भूल गए और बाइक खड़ी कर अंदर चले गए। बाहर आने पर दीपक ने बाइक में चाबी लगी देखी और बाइक लेकर सीधे घूमने निकल पड़ा। इस बात की खबर परिजन को थी ही नहीं कि नाबालिग बाइक लेकर घूमने गया है।
घुमावदार रास्ते में पहले भी हो चुकी हैं दुर्घटनाएं
गांव के सरपंच तीरथ राठिया के अनुसार जहां बच्चों की बाइक दुर्घटनाग्रस्त हुई यहां पर पहले भी कई दुर्घटनाएं हो गई हैं। रात के वक्त लोगों को सड़क की सीमा का पता रहे इसलिए रेडियम पेंट वाले पत्थर के छोटे खंभे गाड़े गए हैं। घुमावदार सड़क पर अचानक बेकाबू हुई बाइक एक खंभे से जा टकराई।
मौत खींच ले गई टंकेश्वर को- टंकेश्वर अपने साथी दिलेश्वर के साथ था। दीपक आया और बैठा लिया। बाइक पर घूमने और चलाने की इच्छा से दोनों दीपक के साथ चले गए। तीनों परिजन को बिना बताए ही पड़िगांव की तरफ निकले। टंकेश्वर के परिजन ने कहा, वह साइकिल चला रहा था उन्हें पता नहीं था कि मौत उसे खींच कर ले जाएगी। साभार: दैनिक भास्कर

