रायगढ़ -राजीव गांधी किसान न्याय योजना की भांति कर्मचारी -पेंशनर कल्याण योजना लांच करें छत्तीसगढ़ सरकार-
रायगढ़–
भारतीय राज्य पेंशनर महासंघ छत्तीसगढ़ प्रदेश जिला रायगढ़ के अध्यक्ष एवं छत्तीसगढ़ राज्य संयुक्त पेंशनर्स फेडरेशन के जिला प्रवक्ता तीरथ यादव ने विज्ञप्ति जारी कर बताया है कि राज्य कर्मचारी संघ छत्तीसगढ़ के पूर्व प्रांत अध्यक्ष रहे वरिष्ठ कर्मचारी नेता तथा वर्तमान में अनेक सामाजिक संस्थाओं से जुड़े छत्तीसगढ़ राज्य संयुक्त पेंशनर फेडरेशन के अध्यक्ष वीरेंद्र नामदेव ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को ट्यूटटर के माध्यम से टूटकर सलाह दिया है कि कर्मचारी जगत और राज्य के बुजुर्ग पेंशनर लगभग कई वर्षों से राज्य सरकार के समक्ष अपनी समस्याओं को लेकर संघर्षरत हैं। चर्चा पर चर्चा और प्रदर्शन धरना आंदोलन के द्वारा ध्यान आकर्षित करते आ रही है, परंतु समस्याओं का निदान नहीं हो रहा है । ऐसी स्थिति में राज्य सरकार को राजीव गांधी किसान नया योजना की भांति कर्मचारी-पेंशनर न्याय योजना लांच करने की जरूरत है।
जारी विज्ञप्ति में आगे बताया गया है कि समस्याओं के निराकरण में पूर्व और वर्तमान दोनों ही सरकार गंभीर नहीं रहे हैं। जिसके कारण कर्मचारी जगत उचित न्याय से वंचित और व्यथित है । कर्मचारी और पेंशनर संगठन लगातार प्रयास के बाद भी कांग्रेस सरकार में सरकार के मुखिया से टेबल टॉक के माध्यम से अपनी न्याय संगत बातें रख पाने में असफल हैं। इसलिए कर्मचारी जगत और पेंशनरों की समस्याओं के निराकरण के लिए राजीव गांधी किसान न्याय योजना की भांति कर्मचारी- पेंशनर कल्याण योजना लांच करने की जरूरत है जिसमें हर विभाग के सचिव और मंत्री से समय-समय पर सीधे टेबल टांक के निश्चित अवसर की योजना से त्वरित कार्रवाई होगी और कर्मचारियों और पेंशनरों को समय पर न्याय मिलने में सहूलियत होगी।
जारी संयुक्त विज्ञप्ति में विभिन्न पेंशनर संगठनों से जुड़े रायगढ़ जिले के क्रमशः हेमप्रसाद तिवारी, गिरधारी पटेल, एमआर कुर्रे, पी एस राजपूत, सुलोचना सराफ, लक्ष्मी लाल, लता सिंह , पी एस राजपूत, असीमा कुंडू , एस के मसीह, रोजलिया लाकड़ा, सुभाष गायकवाड, प्रभु दयाल पटवा, मोहनलाल अग्रवाल, श्यामलाल चौहान, पी सी जैरथ, भागीरथी डनसेना, टीकम सिंह, एम पी राठौर, बी एस नागेश, पालूराम सारथी, शिवशंकर यादव, अक्षय मिश्रा, अभय त्रिपाठी, डीआर साहू , जे डी महंत, हीरालाल हरदिहा, के पी पटेल, रामकुमार सारथी, ओ पी स्वर्णकार, नारायण सिंह ठाकुर , मरुधर सारथी, सी आर देवांगन, बी सी राम, एस के शर्मा, पी एन शर्मा, ललित सिदार, व्ही के ठेठवार, वाई पी जोरदार, भगत राम यादव, डी एल शर्मा आदि ने आगे बताया है कि सम्प्रति कर्मचारी और पेंशनर महंगाई भत्ता, पदोन्नति, पुरानी पेंशन योजना , संविदा एवं दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों का नियमितीकरण, अनिवार्य सेवानिवृत्ति, वेतन विसंगति और मध्य प्रदेश राज्य पुनर्गठन अधिनियम 2000 के तहत पेंशनरी दायित्वों का बंटवारा सेंट्रल पेंशन प्रोसेसिंग सेल ( फुल स्ट्रेंथ) स्टेट बैंक की छत्तीसगढ़ में स्थापना, बस यात्रा में किराए में छूट का प्रावधान के साथ-साथ समय-समय पर शासन द्वारा जारी किए गए आदेश के परिपालन कराए जाने की मांग को लेकर लगातार जूझ रहे हैं। मगर स्थिति यह है कि न्याय संगत बातों को सुनकर उस पर अमल करने की जरूरत से जिम्मेदार लोगों को कोई मतलब नहीं है । परंतु यदि राज्य सरकार कर्मचारी पेंशन न्याय योजना लांच करती है तो यह दूसरे राज्यों के लिए भी अनुकरणीय होगा।
भवदीय
तीरथ यादव
मो 99817 14033

