प्रदूषण स्तर नापने से प्रदूषण नियंत्रित नही होगा :- पुनम सोंलकी
.महिलाओ का जनजीवन हो रहा प्रभावित
प्रदूषण नियंत्रण हेतु ईमानदार प्रयासो की जरुरत
कलेक्ट्रेट व स्टेडियम के बाहर प्रदूषण डिस्प्ले लगाए जाने पर प्रतिक्रिया देते हुए नेता प्रतिपक्ष पूनम सोलंकी ने कहा कि डिप्सले उपकरण लगाए जाने से प्रदूषण का स्तर नियंत्रित नही हो सकता l प्रदूषण नियंत्रण हेतु ईमानदार प्रयासो की आश्यकता जताते हुए नेता प्रतिपक्ष पूनम ने कहा कि जानलेवा हो चुके प्रदूषण का सबसे अधिक असर महिलाओ पर हो रहा है l घरों की साफ सफाई के भार के अलावा घर की रसोई तक प्रदूषण की काली परत जम रही है क्या डिस्प्ले लगाए जाने से यह समस्या समाप्त हो सकती है आखिर इसका आश्वाशन कौन देगा ?
शहर के चारो ओर उद्योगों की चिमनियाँ लगातार धुंआ उगल रही है l प्रदूषण डिस्पेल किये जाने से प्रदूषण दूर होने की सम्भवना कतई नही है l प्रदूषण डिस्प्ले यंत्र को लगाने की उपलब्धि सार्थक तभी होगी जब घरों की छतों व पेड़ पौधों में काली परत जमना बन्द होंगा l जिला पर्यावरण विभाग की भूमिका को संदेह के दायरे के खड़ा करते हुए नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि यदि खुली आँखों से प्रदूषण का प्रमाण देखना हो तो पर्यावरण अधिकारी किसी भी शहरवासी की छत का मुआयना हमारे साथ करे l छतो में मौजूद गमलों के पौधों पूजा के फूलों व छतो में जमने वाली काली परतों को खुली आँखों से देखा जा सकता है l बढ़ते प्रदूषण की वजह से महिलाये छतो में न ही कपड़े नही सूखा पा रही न ही छतो में आचार पापड़ व बड़ी बना पा रही l हवा में मौजूद प्रदूषण के कण साँसों के साथ मानव शरीर मे प्रवेश कर जानलेवा बीमारियां पैदा कर रहे है l प्रदूषण जनित बीमारिया जिले में तेजी से बड़ी है l यही वजह है कि कोरोना के दौरान सर्वाधिक मौते प्रदेश में रायगढ जिले से हुई है l इनका मुख्य कारण प्रदूषण ही है l केवल प्रदूषण मापक यंत्र लगाकर वाहवाही लूटने की बजाय प्रदूषण को रोकने के लिये ईमानदारी से प्रायसो की जरूरत है l प्रदूषण को रोकने आज तक ठोस कार्यवाही नही की गई है l औद्योगिक अपशिष्ट फ्लाई एस को कही भी खुले स्थानों में फेका जा रहा रहा है l जबकि फ्लाईऐश खुले में फेकना प्रतिबंधित है l प्रशासनिक कार्यवाही में निष्पक्षता को लेकर आम जनता के मन मे संदेह उत्पन्न हो रहा है l नेता प्रतिपक्ष पूनम सोलंकी ने पर्यावरण विभाग को सफेद हाथी निरुपित करते हुए कहा कि प्रदूषण नियंत्रण को लेकर बनाये गए नियम कागजी साबित हो रहे है l

