रानी दुर्गावती के पदचिह्नों पर चलने का आह्वान
मऊ : गोड़ समाज को अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ने के लिये महारानी दुर्गावती के सिद्धांतों पर चलना होगा। उनके कृत्यों को स्वजातीय समाज को कभी नहीं भूलना चाहिये। उक्त बातें नगर के सहादतपुरा मुहल्ले में आयोजित महारानी दुर्गावती का बलिदान दिवस मनाते हुये गोड़ समाज के अध्यक्ष सुरेश गोड़ ने कही। उन्होंने कहा कि महारानी गोड़ समाज की अस्तित्व की लड़ाई लड़ते वीरगति को प्राप्त हो गयी थी। पूर्व जिलाध्यक्ष रामकुंवर गोड़ ने कहा कि क्षत्राणी होते हुये भी दलपति शाह की वीरता पर मुग्ध होकर महारानी ने गन्धर्व विवाह किया था और तभी से गोड़ समाज की अस्तित्व की लड़ती रही। डा.रघुराज गोड़ ने कहा कि इनकी वीरता पर ही समाज के लोग प्रति वर्ष 24 जून को बड़ी धूमधाम से बलिदान दिवस के रुप में मनाते हैं। गोड़ समाज की महिलाओं को आज अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ने के लिये रानी दुर्गावती बनने की जरुरत है। इस दौरान मूलचंद गोड़, भोला शाह, विजय कुमार गोड़, सदानन्द गोड़, ललिता राम गोड़, श्रवण कुमार गोड़, धर्मराज गोड़, सुनील कुमार गोड़, अशोक कुमार गोड़, चन्द्रसेना गोड़, मुल्लू गोड़, राजेन्द्र गोड़, मनाजीत गोड़, कृष्णानन्द गोड़ आदि मौजूद रहे


