भिलाई. सुपेला पुलिस ने सोमवार को प्रेमी जोड़े ऐश्वर्या और श्रीहरि की हत्या करने वाले दो आरोपी मोबाइल दुकानदार चरण कुप्पल (30) और कपड़ा व्यापारी के. रामू (42) को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया। जहां से दोनों को न्यायालय ने रिमांड पर जेल भेज दिया। जांच में पता चला है कि प्रेमी जोड़े के चेन्नई से लौटने के बाद परिजन दोनों को प्रताड़ित कर रहे थे। लौटने के बाद से लगातार उनसे मारपीट की गई। 3 दिन में 5 बार पुलिस तक मामला पहुंचा। पुलिस ने गंभीरता नहीं दिखाई। आरोपियों ने हत्या का षड़यंत्र रचा और घटना को अंजाम दिया। इतना ही नहीं आरोपियों ने लड़की की विशाखापट्टनम व लड़के की मुंबई की रेलवे टिकट बना ली, ताकि गुमराह करने के लिए दोनों के शहर में नहीं होने की जानकारी दे सके। लापरवाही सामने आने के बाद सुपेला थाने के टीआई दिलीप सिंह सिसोदिया व तत्कालीन टीआई गोपाल वैश्य के खिलाफ जांच शुरू हो गई है।
पुलिस की सुपुर्दगी के बाद क्या हुआ जानिए : 8 को मारपीट, 9 को मुंडन, 10 को हाथ-पैर बांधकर बंधक बनाया
6 अक्टूबर: पुलिस को 6 अक्टूबर को सूचना मिली कि प्रेमी युगल को चेन्नई पुलिस ने ड्रिंक एंड ड्राइव के केस में पकड़ा है। पूछताछ में दोनों ने पुलिस को बताया कि वे घर से भागकर वहां पहुंचे हैं। पुलिस ने सुपेला पुलिस से संपर्क करके जानकारी दी थी।
7 अक्टूबर : पुलिस प्रेमी जोड़े को लेकर भिलाई लौट आई। दोनों को भिलाई एसडीएम कोर्ट में पेश किया गया। पुलिस का दावा है कि दोनों ने लिखकर दिया था कि दोनों अपने अपने घर जाना चाहते है। लेकिन उन्हें घर जाने नहीं दिया गया।
8 अक्टूबर : परिजन ने बताया को दोनों के लौटने के बाद 8 सिंतबर को समाज के सामने आमना सामना कराया गया था। जिसमें दोनों को समझाया गया कि भाई बहन में शादी नहीं हो सकती है। दोनों को उनके घर भेज दिया गया था। जब दोनों नहीं माने तो परिजन मारपीट करना शुरु कर दिया। इस दौरान कई बार मृतकों की पिटाई की गई।
9 अक्टूबर : शारीरिक संबंध का पता लगने के बाद परिजनों ने दोनों का शुद्धीकरण करने की योजना बनाई। 9 अक्टूबर को दोनों के परिजन ऐश्वर्या और श्रीहरि को लेकर जेवरा सिरसा स्थित नदी ले गए। यहां अपनी परंपरा के तहत दोनों का मुंडन कराया गया। इसके बाद दोनों के साथ सभी लौट आए। बाद में बंधक बना लिया।
10 अक्टूबर : योजना के तहत दोनों की हत्या करने की प्लानिंग की। दिन में दोनों के हाथ पैर बांधकर श्रीहरि के घर पर बंद कर लिया। शाम को श्रीहरि के माता पिता को बहन आरती निवासी रामनगर के घर भेज दिया। रात 8 बजे आरोपियों में चरण और चाचा के.रामू ने मारपीट करना शुरु की। दोनों ने पैर से दबाकर हत्या कर दी।
11 अक्टूबर : रात करीब डेढ़ बजे दोनों के शव को बोरी में रख लिया। शव रखने के लिए कार के पीछे का कांच तोड़ दिया गया। घर से केरोसीन, लकड़ी और टायर रख लिए। कार से चाचा भतीजे दोनों प्रेमी युगल का शव लेकर जेवरा सिरसा स्थित नदी पहुंच गए। रास्ते में शव जलाने के हिसाब से लकड़ी और बोरी जुटा ली।
12 अक्टूबर: सुबह करीब 5 बजे शव को जलता छोड़कर दोनों आरोपी कार से घर लौटने लगे। रास्ते में कुरुद के पास कार को खड़ा किया और घर आ गए। घर से दोपहर 12 बजे थाने गए और सरेंडर कर दिया। इसके बाद पुलिस को घटना का पता चला। हरकत में आई पुलिस दोनों आरोपियों को लेकर घटना स्थल पर पहुंच गई। जलाने के बाद केरोसीन का डिब्बा नदी में फेंक दिया। पुलिस ने इसे जब्त किया।
पुलिस से हुई चूक: पड़ोसियों ने भी सूचना दी तो वे इसे सामाजिक और आपसी मुद्दा समझते रहे
8 अक्टूबर से रविवार सुबह के बीच पुलिस को 5 बार युगल प्रेमी की प्रताड़ना की जानकारी दी गई। प्रेमी जोड़े को दोस्त का कहना है कि दोनों ने भी हत्या की आशंका जताते हुए सुरक्षा की गुहार लगाई थी। उसने बताया कि 8 अक्टूबर को मोहल्ले में विवाद होता देख पड़ोसियों ने पहले शिकायत की। इसके पूर्व 7 अक्टूबर को एसडीएम के सामने प्रेमी युगल ने परिजनों के खिलाफ कंप्लेन की। 9 अक्टूबर को मृतक श्रीहरि ने पुलिस को फोन पर मारपीट की जानकारी दी। 10 अक्टूबर को श्रीहरि के दोस्त ने फोन कर पुलिस को बताया। इसके अलावा श्री हरि की बहन ने भी पुलिस को जानकारी दी। लेकिन कार्रवाई नहीं हुई।
आरोपियों की हुई कोरोना जांच, रिपोर्ट निगेटिव
पुलिस ने दोनों आरोपियों की कोरोना जांच कराई। रिपोर्ट निगेटिव आने के बाद दोनों को कोर्ट में पेश किया गया। जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया। पुलिस ने श्रीहरि के घर से दो ट्रेन टिकट जब्त की है। टीआई दिलीप सिंह सिसोदिया ने बताया कि टिकट के मुताबिक 11 अक्टूबर को ऐश्वर्या को विशाखापटनम जाना था। जबकि 12 अक्टूबर को श्रीहरि को मुंबई जाना था। पुलिस ने घटना स्थल से मिले जली लाश के अवशेष एकत्र करके पीएम के लिए रायपुर मेडिकल कॉलेज भेज दिया है।
युवती की मां ने कहा…
बेटी कीे घर वापसी के लिए कराया था मुंडन : ऐश्वर्या की मां सावित्री ने बताया कि बेटे के घर से गायब होने के बाद उसके सही सलामत वापस आने के लिए मुंडन कराया था। मंदिर में जाकर अपने सिर के बाल चढ़ा दिए थे। दोनों बच्चों के शादी करने का फैसला गलत था। इस वजह से जो हुआ उसका कोई अफसोस नहीं है।
युवक की बहन ने कहा..
दोनों के बीच लव था : श्रीहरि के बहन आरती ने बताया कि चेन्नई से लौटने के बाद भाई और ऐश्वर्या घर पर रह रहे थे। 11 सिंतबर को पिता शराब पीकर गिर गए थे। घायल होने की वजह से रात करीब 8 बजे माता पिता को अपने घर ले गई थी। 12 सिंतबर को सुबह पता चला कि दोनों की हत्या हो गई है। दोनों के बीच में लव था।
आईजी ने बैठाई जांच, जांच के बाद होगी कार्रवाई
इधर सोमवार को पूरे मामले में आईजी विवेकानंद सिन्हा ने टीआई गोपाल वैश्य और दिलीप सिंह सिसोदिया की जांच बैठा दी है। आईजी के मुताबिक सूचना मिलने के बाद भी कार्रवाई नहीं की गई । दोनों अधिकारियों की लापरवाही पता लगाने के लिए एएसपी रोहित झा को जांच सौंपी गई है। रिपोर्ट मिलने के बाद कार्रवाई की बात कही गई है।

