पैसे लेकर संसद में सवाल पूछने के मामले में टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा आज संसद की एथिक्स कमेटी के सामने पेश हो गई हैं। एथिक्स कमेटी ने 31 अक्तूबर को महुआ को पेश होने को कहा था लेकिन टीएमसी सांसद ने अपने संसदीय क्षेत्र में पहले से तय कार्यक्रमों के चलते कमेटी के सामने पेश होने में असमर्थता जताई थी और 5 नवंबर के बाद कमेटी के सामने पेश होने की अपील की थी। हालांकि कमेटी ने महुआ मोइत्रा को 2 नवंबर को कमेटी के सामने पेश होने का निर्देश दिया। इससे पहले टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा के खिलाफ पैसे लेकर संसद में सवाल पूछने के आरोप लगाने वाले वकील जय अनंत देहाद्राई ने कहा है कि ‘आरोप बेहद गंभीर हैं और इस मामले में सच बाहर आना चाहिए।’
क्या बोले देहाद्राई – सुप्रीम कोर्ट के वकील जय अनंत देहाद्राई ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि ‘यह बेहद गंभीर मामला है और फिलहाल मामला संसद की एथिक्स कमेटी के सामने है। यह सही नहीं होगा कि मैं अभी इस पर कोई टिप्पणी करूं। मेरी विनती है कि सच बाहर आना चाहिए और मैं इसके अलावा कुछ नहीं चाहता।’ देहाद्राई ने कहा ‘यह कमेटी का अधिकार है कि उसे क्या करना चाहिए और क्या नहीं। ना तो मैं या कोई अन्य व्यक्ति यह नहीं बता सकता कि समिति को कैसे काम करना चाहिए।’ बता दें कि महुआ मोइत्रा पर आरोप लगे हैं कि उन्होंने संसद में अदाणी ग्रुप के खिलाफ सवाल पूछने के लिए बिजनेसमैन दर्शन हीरानंदानी से पैसे और महंगे उपहार लिए थे। हालांकि महुआ मोइत्रा ने आरोपों को खारिज कर दिया है लेकिन उन्होंने दर्शन हीरानंदानी के साथ अपने संसदीय लॉग इन पासवर्ड साझा करने की बात स्वीकार की।

