जशपुरनगर। छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में हाथी के हमले में एक वृद्ध ग्रामीण की दर्दनाक मौत हो गई। यह घटना तपकरा वन परिक्षेत्र के जोरंडाझरिया गांव की है, जहां शुक्रवार देर शाम 65 वर्षीय सिबन राम पर एक लोनर हाथी ने हमला कर उसे कुचल डाला।
जानकारी के अनुसार, सिबन राम अपने घर के पास जंगल की ओर टहलने निकले थे। उनकी पत्नी ने पहले ही हाथी के इलाके में मौजूद होने की चेतावनी देते हुए उन्हें घर लौटने को कहा था, लेकिन सिबन ने यह चेतावनी नजरअंदाज कर दी। थोड़ी ही देर बाद, जंगल से अचानक एक दंतैल हाथी निकलकर सामने आ गया और उसने सिबन राम पर हमला कर दिया। हाथी ने अपनी सूंड़ में लपेटकर उन्हें जमीन पर पटक दिया और कुचल दिया, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
वन विभाग के अनुसार, पिछले एक सप्ताह से जोरंडाझरिया के जंगल में एक अकेला हाथी डेरा डाले हुए है। विभाग द्वारा आसपास के गांवों में लगातार अलर्ट जारी किया जा रहा था। बीट गार्ड द्वारा मृतक को भी चेतावनी दी गई थी, लेकिन उस चेतावनी को नजरअंदाज करना जानलेवा साबित हुआ। बीट गार्ड की समझाइश का वीडियो अब इंटरनेट मीडिया में वायरल हो रहा है, जो वन विभाग की पूर्व चेतावनी को प्रमाणित करता है।
वन विभाग का यह भी कहना है कि तपकरा वन परिक्षेत्र में फिलहाल तीन हाथी अलग-अलग स्थानों पर विचरण कर रहे हैं। वन्यजीवों की गतिविधियों को ट्रैक किया जा रहा है और स्थानीय निवासियों को नियमित रूप से सतर्क किया जा रहा है।
यह घटना न केवल वन्यजीव संघर्ष की गंभीरता को उजागर करती है, बल्कि ग्रामीणों के लिए समय पर चेतावनी मानने की आवश्यकता को भी रेखांकित करती है। वन विभाग ने पुनः आग्रह किया है कि हाथियों की मौजूदगी की सूचना मिलने पर लोग जंगल या उसके आस-पास न जाएं और विभाग द्वारा जारी निर्देशों का पालन करें।


