उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले से एक बेहद दर्दनाक खबर सामने आई है। इस्लामनगर थाना क्षेत्र के गांव नूरपुर पिनौनी में शादी की खुशियां मातम में बदल गईं जब बीस वर्षीय दुल्हन दीक्षा की अचानक हार्ट अटैक से मौत हो गई। रविवार की रात मेहंदी की रस्म के बाद जब परिवार खुशी में डूबा था, तभी यह दुखद घटना घटी।
दीक्षा, जो दिनेश पाल सिंह की इकलौती बेटी थी, सोमवार को मुरादाबाद निवासी युवक से विवाह बंधन में बंधने वाली थी। शादी की तैयारियां पूरे जोर-शोर से चल रही थीं। रविवार को मेहंदी की रस्म के दौरान परिवारजनों और दोस्तों ने दीक्षा के साथ डांस किया, फोटोशूट कराए और खुशनुमा पल साझा किए। दीक्षा ने अपनी हल्दी और मेहंदी की तस्वीरें भी सोशल मीडिया और पारिवारिक व्हाट्सएप ग्रुप में साझा की थीं।
रात करीब डेढ़ बजे अचानक दीक्षा के पेट में तेज दर्द उठा और वह टॉयलेट गई। वहीं उसकी हालत बिगड़ती चली गई। मां सरोज जब दीक्षा को देखने पहुंचीं तो देखा कि उसकी सांसें बहुत तेज चल रही थीं और उसकी गर्दन अकड़ने लगी थी। तत्काल गांव के ही एक चिकित्सक को बुलाया गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टर ने दीक्षा को मृत घोषित कर दिया। परिजनों ने बताया कि दीक्षा को पहले से ही दिल की बीमारी थी और उसका इलाज दिल्ली से चल रहा था। आशंका है कि तनाव या शारीरिक थकावट के चलते उसे दिल का दौरा पड़ा।
दीक्षा अपने चार भाइयों में इकलौती बहन थी और इस्लामनगर के एक डिग्री कॉलेज में बीए की पढ़ाई कर रही थी। उसकी शादी को लेकर पूरे परिवार में बेहद उत्साह था, लेकिन इस असामयिक मौत ने सब कुछ तहस-नहस कर दिया। सोमवार को जिस घर में बारात आने वाली थी, वहां मातम पसरा हुआ है। वहीं लड़के पक्ष को जैसे ही इस घटना की जानकारी मिली, वहां भी शोक की लहर दौड़ गई।
यह घटना न केवल एक परिवार की निजी त्रासदी है, बल्कि समाज को यह सोचने पर भी मजबूर करती है कि दिल की बीमारियां अब युवाओं को भी तेजी से अपनी चपेट में ले रही हैं।


