रायगढ़. गैस सिलेंडरों की रिफिलिंग के नियम में नवंबर से बदलाव होने जा रहा है। नए नियम मे तहत एलपीजी सिलेंडर रिफिल कराने अब ग्राहकों को अपने मोबाइल नंबर पर आने वाला ओटीपी देना अनिवार्य होगा, लेकिन ऑयल फेडरेशन के पदाधिकारी और कर्मचारी इसका विरोध कर रहे हैं। क्योंकि इंडेंन, एचपी, बीपी समेत सभी ऑयल कंपनी से जुड़े उपभोक्ताओं ने अब तक अपना नंबर ही रजिस्टर्ड नहीं कराया है। स्थानीय गैस एजेंसी संचालकों ने बताया कि नए नियम के तहत अब ग्राहकों को गैस सिलेंडरों की ऑनलाइन बुकिंग के साथ ही भुगतान भी करना होगा। भुगतान के बाद उपभोक्ता के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर ओटीपी कंपनी की तरफ से भेजी जाएगी। ओटीपी दिखाने पर ही गैस एजेंसी के कर्मचारी उनके घर पर डिलीवर करेंगे। ओटीपी नहीं बताने पर गैस सिलेंडर नहीं मिलेगा। इस नए नियम की जानकारी गैस कंपनियों द्वारा अपने डीलरों को सूचना जारी करने के बाद, डिस्ट्रीब्यूटर फेडरेशन विरोध पर उतर गया है।
सिर्फ उज्ज्वला के सवा दो लाख उपभोक्ता
जिले में अभी सिर्फ उज्ज्वला के सवा दो लाख एलपीजी उपभोक्ता है। इसके अलावा हिंदुस्तान पेट्रोलियम, भारत पेट्रोलियम और इंडेन के करीब चार लाख से ज्यादा ग्राहक है। रायगढ़ शहर में ही सिर्फ सवा लाख एलपीजी कनेक्शन धारी है। इनमें से 40 फीसदी लोगों के नंबर रजिस्टर्ड नहीं है।
फेडरेशन का विरोध: अभी लागू मत कीजिए
“नए नियम के अनुरूप काम करना बहुत ज्यादा मुश्किल है इसलिए फेडरेशन इसे लागू नहीं करने की मांग कर रही है। बिलासपुर, रायपुर में विरोध जारी है। इन्हें रायगढ़ व अन्य जिलों के गैस एजेंसी संचालक भी अपना समर्थन दे रहे हैं।”

