पटवारी हड़ताल पर हैं इसलिए नहीं हो रहा है नामांतरण और जमीन का रिकार्ड सुधारने जैसे काम अटके
रायगढ़. पटवारी संघ 9 सूत्रीय मांगों को लेकर 8 दिनों से हड़ताल पर है। अनिश्चितकालीन हड़ताल में फिलहाल बात बनती नहीं दिख रही है। वहीं पटवारियों के ड्यूटी पर नहीं होने से जमीन का रिकार्ड सुधार समेत कई जरूरी काम अटके होने के कारण किसान व आम लोगों को परेशानी हो रही है। तहसील ऑफिस में दिनभर लोग भटकते रहते हैं। जिले के 322 पटवारी हड़ताल पर हैं। बी-वन, नक्शा दुरुस्ती, बंटाकन, सीमांकन समेत जमीन से संबंधित सभी काम पटवारी के जिम्मे हैं। मुख्यालय में आय, जाति, निवास प्रमाण पत्र से लेकर सीमांकन और रकबा सुधार जैसे काम प्रभावित हो रहे हैं। प्रशासन ने आरआई और तहसीलदारों को ही बी-वन अपडेट करने, पंजीयन करने जैसे कार्यों में लगा दिया है। बावजूद कई केस ऐसे आ रहे हैं जिनमें लोगों पटवारी संघ के हड़ताल से भटकने को मजबूर हैं। प्रशासन की ओर से 322 पटवारियों का काम 53 आरआई के सहारे करने की कोशिश की जा रही है।
नौकरी से हटाने पत्र जारी
पटवारी संघ के अध्यक्ष भागवत कश्यप ने बताया कि हड़ताल पर जाने के बाद पटवारियों को कार्रवाई की चेतावनी दी गई है लेकिन पटवारी संघ अपनी मांगों पर अड़ा हुआ है। हड़ताल कब तक खत्म होगी इस पर संघ के पदाधिकारी कुछ भी कहने की स्थिति में नहीं हैं।
ऐसे में तो मैं फसल ही नहीं बेच पाउंगा: किसान
पुसौर महलोई निवासी जयराम पटेल बताते हैं कि उनकी 3.7 एकड़ जमीन है। वे हर साल लगभग 47 क्विंटल धान बेचते हैं। लेकिन इस बार गिरादावरी में उनका रकबा घटाकर 0.19 एकड़ दर्ज किया गया है। ऐसे में उसके खेत से केवल दो क्विंटल और 80 किलो धान खरीदने के लिए टोकन जारी किया है। वे सुधार के लिए भटक रहे हैं पर पटवारी नहीं होने से लौटना पड़ता है।
पिता की मौत के बाद नाम बदलवाने भटकता रहा
घुराऊ निवासी करिजोर की 10 एकड़ से अधिक जमीन है। पिता का पंजीयन धान बेचने के लिए हुआ था पर उनकी मौत होने के बाद वह धान बेचने में असमर्थ है। सोमवार को घुराऊ एसडीएम ऑफिस आया था। उसे पटवारी संघ हड़ताल पर होने की बात कहकर लौटाया जा रहा था। हालांकि उसने एसडीएम से भी मिलने की कोशिश की, लेकिन मुलाकात नहीं हो पाई।
एसडीएम ऑफिस में भटकने के बाद मिला सर्टिफिकेट
आय-जाति बनवाने के लिए भी कॉलेज के छात्र सोमवार को एसडीएम कार्यालय में भटकते हुए दिखे। कुंजेमुरा क्षेत्र से आए कुछ छात्रों को आय प्रमाण पत्र बनवाना था। पटवारी के नहीं मिलने पर उन्होंने आरआई से मिलकर अपना काम कराया। पटवारियों द्वारा जारी रिपोर्ट के आधार पर ही छात्रों के प्रमाण तैयार किए जाते हैं। यहां आरआई ने काम संभाल लिया है।
दिक्कतें दूर करने की कोशिश करेंगे
“पटवारी संघ की मांग शासन स्तर पर ही पूरी होगी। हालांकि काम प्रभावित ना हो इसलिए हम आरआई से काम ले रहे हैं। फिर भी कोई दिक्कत है तो उसे खत्म करने की कोशिश की जाएगी।”
युगल किशोर उर्वशा,एसडीएम, रायगढ़
साभार: दैनिक भास्कर

