संबलपुरी में 19 एकड़ पर गौठान तैयार, शनिवार को मुख्यमंत्री भूपेश बघेल करेंगे उद्घाटन, पर्यटन स्थल जैसी हो रही है साज सज्जा, पशुओं की देखभाल के लिए एक डॉक्टर भी रहेगा तैनात
रायगढ़. शनिवार को मुख्यमंत्री भूपेश बघेल 19 एकड़ में फैले संबलपुरी गौठान का उद्घाटन करेंगे। इसकी तैयारी शुरू हो गई है। निगम की टीम दिन-रात शहर की सड़कों से उठाकर मवेशियों को गौठान पहुंचा रही है। निगम कर्मी महिलाएं शहर के भीतर से 10 किलोमीटर दूर जंगली रास्तों पर हांकते हुए मवेशियों को गौठान ले जा रही हैं। मुख्यमंत्री के निर्देश पर जिले का सबसे बड़ा गौठान संबलपुरी में बनाया गया है। सरकार की महत्वकांक्षी योजना होने के कारण प्रशासन और निगम गौठान को आदर्श बनाने के लिए पूरी ताकत से लगे हुए हैं। चार दिन पहले गौठान में मवेशी नहीं थे। बुधवार को 400 से अधिक मवेशी यहां रखे गए हैं। पशु चिकित्सकों की ड्यूटी लगाई गई है ताकि वे सभी मवेशियों का ध्यान रखें। गौठान में आने वाले मवेशियों की टैगिंग भी की जा रही है। गौठान को पर्यटन केंद्र की तरह सजाया जा रहा है। रास्ते में पौधों को रंगे जा रहे हैं। यहां लाइट्स लगवाई गई हैं। मवेशी गौठान से बाहर ना निकलें इसके लिए अलग से लोगों की ड्यूटी लगाई गई है। एनजीओ के पास नहीं है गाड़ी- बुधवार दोेपहर 12 बजे चक्रधर नगर चौक के पास पॉलीटेक्निक कॉलेज के सामने गौ माता मित्र सेवा समिति एनजीओ की दर्जनभर महिलाएं और युवक रास्ते में तीन मवेशियों को हांकते हुए उन्हें संबलपुरी गौठान की ओर लेकर जा रहे थे। एनजीओ के ही एक युवक ने बताया कि दो दिनों में 500 मवेशी पहुंचाने का टारगेट है। नगर निगम के सहायक स्वास्थ्य अधिकारी भूपेश सिंह के अनुसार तीन दिन से 47 लोगों को की टीम सड़कों से मवेशी हटाने का काम कर रही हैं। अभी तक 400 से ज्यादा मवेशी गौठान में पहुंच चुके हैं। निगम के पास एक ही काउ कैचर है। तीन शिफ्ट में लोगों की ड्यूटी लगाई गई है।
इसी गौठान को लेकर भिड़े थे निगम के कांग्रेसी
नाराजगी के कारण महापौर जानकी काटजू गौठान के भूमिपूजन में नहीं गई थीं। विधायक प्रकाश नायक ने भूमिपूजन किया था। महापौर समेत उनके नजदीकी कांग्रेसी पार्षदों ने इस गौठान के ठेके को लेकर नियमों की अनदेखी का आरोप लगाया था। आरोप था कि एक ठेकेदार को काम दिलाने के लिए आखिरी वक्त पर टेंडर शर्तें बदली गईं और एमआईसी से दर स्वीकृति के बिना ही काम दिया गया।
आदर्श गौठान बनाएंगे, महिलाओं को मिलेगा रोजगार
“यह अभी शहरी गौठान है। इसे आदर्श गौठान के रूप में डेवलप करने की प्लानिंग है। भविष्य में यहां काम करने वाली महिलाएं यहां से ही अपनी आजीविका चलाएंगी। इसके लिए भी हमने बेहतर प्लानिंग की है। हमारी टीम रात-दिन सड़कों से मवेशियों को हटाने में लगी हुई है।”
-आशुतोष पांडेय, आयुक्त, रायगढ़ नगर निगम
साभार: दैनिक भास्कर

