घर में ही रहकर करें योग, रहें निरोग: कमल शर्मा
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की तैयारी शुरू, रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने में सहायक है योग
रायगढ़। प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाया जाएगा। इसके लिए तैयारियां शुरू हो गई हैं। हालांकि पिछले साल की तरह इस साल भी कोरोना काल की वजह से सार्वजनिक समारोह आयोजित नहीं होंगे, लेकिन डिजिटल प्लेटफार्म पर वर्चुअल स्वरूप से लोग योग व प्राणायाम करेंगे। केके फिल्म्स व रायगढ़ दृष्टि की ओर से भी अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की तैयारियां प्रारंभ कर दी गई हैं। डायरेक्टर कमल शर्मा ने शहरवासियों से अपने-अपने घरों में ही रहकर योग व प्राणायाम कर खुद को स्वस्थ रखने के साथ ही रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने की अपील की है।
केके फिल्म्स व रायगढ़ दृष्टि के डायरेक्टर कमल शर्मा ने बताया कि अभी अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस को एक हफ्ते का समय है। इस बीच हम योग व प्राणायाम का अभ्यास कर उत्साह से 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मना सकते हैं। उन्होंने कहा कि योग हमें शारीरिक रूप से तो स्वस्थ रखता ही है, साथ ही योग से हमें एक आंतरिक ऊर्जा भी मिलती है। जिससे हमारे अंदर एक गजब का साहस पैदा होता है, हम संयम रखना सीखते हैं, एकाग्र होना सीखते हैं। आवेश, क्रोध आदि विकारों पर नियंत्रण रखना सीखते हैं। भारत से आरंभ हुई योग की इस परंपरा को पूरी दुनिया ने हाथों हाथ लिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयास से संयुक्त राष्ट्र संघ ने भी अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर योग दिवस मनाने की मान्यता देकर योग के महत्व व योग की प्रासंगिकता को जाहिर किया है। इसी के फलस्वरूप वर्ष 2015 से प्रत्येक वर्ष 21 जून को दुनिया भर में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाया जा रहा है। यह हमारे लिए गौरव का विषय है। उन्होंने योग को जन-जन व घर-घर तक पहुंचाने के लिए स्वामी रामदेव के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि आज के भागदौड़ भरे जीवन में जहां व्यक्ति के लिए चैन की सांस लेना दूभर हो चुका है, ऐसे में योग से बेहतर उपचार नहीं है। हमारे ऋषि-मुनि हमें स्वास्थ्य का ऐसा खजाना सौंपकर गए हैं, जिससे हम बिना किसी खर्च के स्वस्थ व तंदुरुस्त रह सकते हैं। स्वामी रामदेव ने पतंजलि योग समिति व भारत स्वाभिमान मंच के माध्यम से इसी खजाने को घर-घर तक पहुंचाने में योगदान दिया।
वर्तमान परिवेश में योग की महत्ता और बढ़ी
कमल शर्मा ने कहा कि वर्तमान कोरोना महामारी के दौर में योग की महत्ता और बढ़ गई है। बीमारियों के फैलने का मुख्य कारण हमारी रोग प्रतिरोधक क्षमता का कम होना होता है। लगातार योगाभ्यास से हम अपनी रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ा सकते हैं। कोरोना महामारी के दौर में भारतीय योग पद्धति के माध्यम से मनुष्य के शरीर में रोग प्रतिरोधक क्षमता विकसित होने में बहुत सहयोग मिला है। दुनिया भर के नागरिक कोरोना संक्रमण काल में भारतीय योग को अपनाते हुए अपने शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ा रहे हैं। योग हमारे शरीर व मन को स्वस्थ रखने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा करता है। उन्होंने सभी से घर पर रहकर सुरक्षित ढंग से विश्व योग दिवस में भागीदार बनने का आह्वान किया है।

