रायपुर. राजधानी में नशे के नेटवर्क के साथ अब गर्ल्स कनेक्शन भी जुड़ने लगा है। एक हफ्ते की जांच और 11 गिरफ्तारियों के बाद रविवार को खुलासा हुआ कि राजधानी की पार्टियों में दो युवतियां ही नशे के पैकेट अपने पास रखती थीं और परोसती थीं। इनमें से एक युवती गिरफ्तार हुए पैडलर की दोस्त है और 8 माह से उसके साथ लिव-इन में रह रही थी। दूसरी भी शहर की है। पुलिस ने दोनों की तलाश में आधा दर्जन जगह छापे मारी लेकिन वह नहीं मिली हैं। दोनों युवतियां सोशल मीडिया में काफी एक्टिव हैं और उनके अकाउंट पार्टियों और जश्न की तस्वीरों से भरे पड़े हैं। इस बीच, पूछताछ और मोबाइल की जांच में पुलिस को 5 और पैडलर के नाम पता चल गए हैं। पुलिस ने उन्हें ढूंढा लेकिन नहीं मिले और मोबाइल भी बंद हैं।
दो-तीन लोगों से पूछताछ में खुलासा हुआ कि ड्रग्स के साथ-साथ गिरोह सेक्स रैकेट भी चला रहा था, जिसे दोनों युवतियां लीड कर रही थीं। ये युवतियां नशा लेने वाले अपने कस्टमर को पार्टी में साथी उपलब्ध करवाती थीं। ऐसी 11 और युवतियों के मोबाइल नंबर पुलिस को मिले हैं, जिन्हें पैडलर बुलवाते थे। सभी राजधानी की ही हैं। नशे के इस धंधे में युवतियों की लिप्तता का मामला भी आरोपियों के मोबाइल की जांच से ही फूटा है। पुलिस इस बिंदू पर काफी काम कर चुकी है। अफसरों ने बताया कि ड्रग के आदी एक युवक ने पुलिस को बताया कि पैडलर कई लोगों को ड्रग्स की आदत डालने के लिए पहला पैकेट फ्री देते थे। एक पैडलर की उससे दोस्ती भी इसी तरह हुई। इसके बाद वह उसे हाईप्रोफाइल पार्टियों में ले जाने लगा और एक-दो बार ड्रग टेस्ट करवाई। आदत पड़ गई तो वह सौदेबाजी करने लगा और मोटी रकम वसूली। ऐसा युवतियों के साथ ज्यादा किया गया है।
इनहाउस पार्टियों पर फोकस
पुलिस ने रविवार को ड्रग्स के आदी दो युवकों को पूछताछ के लिए बुलाया, तो उन्होंने बयान दिया कि ड्रग्स-शराब पार्टियां होटलों या बड़ी जगहों के बजाय ज्यादातर इनहाउस की जाती थीं। किसी के मकान, फार्महाउस या ऐसी लॉज में अधिकांश पार्टियां हुईं, ताकि ज्यादा लोगों को भनक न लगे। नशे के आदी लोगों को ऐसी पार्टियों में कॉल करके बुलाया जाता हैं। रायपुर में हुई पार्टियों में पैडलर ने गांजा, कोकीन और एमडी ही सप्लाई की है। अफीम वगैरह नहीं बेची गई। यहां के ड्रग्स पैडलर मुंबई-गोवा में पार्टी आयोजित करते थे, जिसमें राज्य के युवा बड़ी संख्या में जाते थे। पुलिस की पड़ताल में पता चला है कि युवक-युवतियों के अलावा कुछ संभ्रांत महिलाओं के नंबर भी पैडलर के मोबाइल पर मिले हैं।
15 मोबाइल लैब में : एसएसपी
एसएसपी अजय यादव ने बताया कि ड्रग्स मामले में अब तक 11 लोगों की गिरफ्तारी हुई और 15 मोबाइल जब्त किए गए हैं, जिन्हें फोरेंसिक लैब भेजा गया है। सभी का डिलीट डेटा रिकवर किया जाएगा। पुलिस का फोकस उनके चैट, मैसेज पर है, क्योंकि आरोपी वाट्सएप पर ज्यादा चैटिंग या काॅल कर रहे थे। सभी का दो-दो माह का रिकार्ड मिल गया है। पुलिस डेढ़ साल का डेटा भी रिकवर कर रही है। एएसपी लखन पटले ने बताया कि ड्रग्स के धंधे में हनी और डेविड नाम से चर्चित अभिषेक शुक्ला और मिन्हाज मेमन की रविवार को पुलिस रिमांड खत्म हो गई। दोनों को जेल भेज दिया गया है।

