रायपुर में एक बार फिर आयकर विभाग की टीम ने दबिश दी है। इस बार कार्रवाई सदर बाजार स्थित ए एम ज्वेलर्स पर की जा रही है, जहां आयकर अधिकारी सर्राफा कारोबारी के स्टॉक और दस्तावेजों की गहन जांच कर रहे हैं। इसके साथ ही धमतरी जिले में भी आयकर विभाग ने कार्रवाई शुरू कर दी है, जहां विभिन्न कारोबारी ठिकानों पर दस्तावेजों की जांच की जा रही है।
यह छापा पिछले सप्ताह आयकर विभाग द्वारा छत्तीसगढ़ के विभिन्न बड़े शहरों में किए गए छापों का हिस्सा है। रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग, भिलाई के राइस मिलर्स और अन्य व्यापारियों के ठिकानों पर रेड पड़ी थी। इन जांचों के दौरान कई कारोबारी क्षेत्रों के दस्तावेजों की पड़ताल की गई और कारोबारियों के घरों और ऑफिसों में भी छापे मारे गए थे। विशेष रूप से, राइस मिलर कारोबारी सत्यम बालाजी के घर पर गहन जांच की गई थी, जिसमें आयकर विभाग ने दस्तावेजों और स्टॉक्स की जानकारी जुटाई थी।
आयकर विभाग की यह कार्रवाई प्रदेश भर में लगातार जारी है। पिछले कुछ महीनों में कई बड़े शहरों और जिलों में इस प्रकार की कार्रवाइयों का सिलसिला जारी रहा है। अक्टूबर में भी आयकर विभाग ने रायपुर, जगदलपुर सहित प्रदेश भर के सराफा कारोबारियों के नौ ठिकानों पर दबिश दी थी, जिसमें करोड़ों रुपये की टैक्स चोरी का खुलासा हुआ था। इससे पहले जुलाई में रायपुर में नागरिक आपूर्ति निगम के एमडी मनोज सोनी के घर पर भी आयकर विभाग की टीम ने कार्रवाई की थी।
इसके अलावा, साल 2023 में बिलासपुर, रायगढ़, कोरबा और रायपुर में कोयला कारोबार से जुड़े कारोबारियों पर भी आयकर विभाग ने कार्रवाई की थी, और एक दिन पहले ही 50 से ज्यादा आयकर अधिकारियों की टीम रायपुर पहुंची थी।
आयकर विभाग की यह कार्रवाई व्यापारियों के खिलाफ टैक्स चोरी और काले धन के खिलाफ बढ़ते कदम का हिस्सा है, जिससे कारोबारियों के दस्तावेजों और स्टॉक्स की जांच की जा रही है, ताकि किसी भी प्रकार की टैक्स चोरी और अवैध लेन-देन का पता चल सके।

