रायगढ़. रायगढ़ जिले के जंगलों में लगातार बढ़ रहे हाथियों के आतंक ने एक बार फिर जनजीवन को हिला कर रख दिया है। बीती रात जिले के दो अलग-अलग गांवों में हाथियों ने कहर बरपाया, जिसमें एक मासूम बच्चा, एक महिला और एक युवक की दर्दनाक मौत हो गई। इस घटना के बाद पूरे इलाके में भय का माहौल है और ग्रामीण सहमे हुए हैं।
घटना की जानकारी के अनुसार, लैलूंगा विकासखंड के गोसाईडीह गांव में तीन साल का मासूम सत्यम राउत अपने घर के बाहर खेल रहा था, तभी अचानक हाथी और उसका शावक गांव में घुस आए। हाथी ने सत्यम को सूंड से उठाकर जमीन पर पटक दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। मासूम की यह दर्दनाक मौत पूरे गांव के लिए गहरे सदमे का कारण बन गई।
इसी रात दूसरी घटना अंगेकेला गांव में घटी, जहां खेत में काम कर रही एक महिला पर हाथी ने हमला कर उसे कुचल दिया। हमले के बाद वही हाथी गांव के एक घर में घुस गया और वहां सो रहे एक युवक के ऊपर दीवार गिरा दी, जिससे उसकी भी मौत हो गई। दोनों घटनाएं इतनी तेजी से घटीं कि कोई कुछ समझ पाता, उससे पहले जानलेवा हमले हो चुके थे।
ग्रामीणों का कहना है कि हाथियों का यह दल काफी समय से आसपास के जंगलों में घूम रहा था और अक्सर फसलों और घरों को नुकसान पहुंचाता रहा है। लेकिन बीती रात की यह घटना अब तक की सबसे खतरनाक मानी जा रही है। गांववालों के मुताबिक, हाथी पूरी तरह आक्रोशित था और किसी को भी सामने नहीं देखना चाहता था।
घटनाओं की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। वरिष्ठ अधिकारी भी गांव में डटे हुए हैं और प्रभावित परिवारों को हर संभव मदद देने का आश्वासन दिया गया है। साथ ही, हाथियों को जंगल की ओर खदेड़ने के लिए भी प्रयास किए जा रहे हैं।
फिलहाल, तीन मौतों के बाद गोसाईडीह और अंगेकेला गांवों में मातम पसरा हुआ है। ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन से अपील की है कि हाथियों को नियंत्रित करने के लिए ठोस और स्थायी उपाय किए जाएं, जिससे भविष्य में इस तरह की दुखद घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।

