दुर्ग. पुलिस ने नशीली टैबलेट के अवैध कारोबार का पर्दाफाश करते हुए मुंबई से सप्लाई करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस को यह सफलता जनवरी में हुए एक मामले की जांच के दौरान मिली।
22 जनवरी को राजनांदगांव के चिखली निवासी अंकित राजपूत को 7,200 नशीली टैबलेट्स के साथ गिरफ्तार किया गया था, जिनकी कीमत लगभग 18 हजार रुपये आंकी गई थी। पूछताछ में अंकित ने खुलासा किया कि टैबलेट्स वह मुंबई के एक व्यक्ति से ऑनलाइन मंगवाता था। उसने बताया कि आरोपी मनीष कुमावत गूगल पे के जरिए कमीशन लेकर टैबलेट भेजता था।
इस जानकारी के आधार पर दुर्ग पुलिस और खाद्य एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) की टीम मुंबई रवाना हुई। टीम ने मुंबई के पालघर में छापा मारकर मनीष कुमावत को गिरफ्तार किया। मनीष मैक्स टच लाइफ साइंस कंपनी में कार्यरत था और इसी माध्यम से वह अवैध रूप से नशीली दवाओं की सप्लाई करता था।
गिरफ्तारी के दौरान पुलिस ने आरोपी के पास से एक मोबाइल फोन और बैंक पासबुक जब्त की है, जिनसे लेनदेन और नेटवर्क की जानकारी मिलने की संभावना है। मामले में तीसरा आरोपी जय राठौर अभी फरार है, जिसकी तलाश जारी है।
पुलिस का कहना है कि यह कार्रवाई नशीली दवाओं के नेटवर्क को तोड़ने की दिशा में एक बड़ी सफलता है। जांच टीम बैंक खातों और डिजिटल पेमेंट रिकॉर्ड के जरिए इस नेटवर्क के अन्य सदस्यों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है।

