प्याज का दाम 20 रुपए तक घटा, टमाटर मिल रहा 25 रुपए किलो
रायगढ़. कोरोनाकाल में सब्जियों के दाम लोगों के घर का बजट बिगाड़ दिया था पर बाजार में लोकल आवक बढ़ते ही हरी सब्जियों के दाम में 50 फीसदी तक गिरावट आ गई है। प्याज के भाव में भी 10 से 20 रुपए तक की कमी आई है। दाम घटने से मध्यम वर्गीय परिवार अब राहत महसूस कर रहा है। भारतीय लोगों के लिए सब्जी स्वास्थ के साथ घर के बजट का भी विषय है, अगर सब्जी के दाम ज्यादा हो तो घर का खर्च बढ़ जाता है। सब्जियों और किराने की बेतहाशा बढ़ते दामों के बारे में गरीब से लेकर एक औसत दर्जे के परिवार को सोचना पड़ता है। सब्जियों की बढ़ी हुई कीमतों से सब परेशान थे, मगर कुछ दिनों पहले भाव घटने से लोगों को थोड़ी राहत मिली है। बाजार में पहले जो सब्जियां 40 से 60 रुपए में मिल रही थी, वो अब 15 से 30 रूपए मिल रही है। घरो में सबसे ज्यादा आलू और टमाटर की खपत होती है जो सस्ती हो गई है । स्थानीय व्यापारियों का मानना है कि सब्जियों की स्थानीय पैदावार होने और बाहर प्रांतों मे नई फसल आने के कारण दाम कम हो रहे हैं। उनका कहना है आलू की नई फसल आने से दाम 50 से घटकर 30 हो गई है। मगर प्याज के दाम में ज्यादा फर्क नही आया और गुरुवार को प्याज 60 से 70 रुपए किलो में बिक रही है। इसके कीमत में और ज्यादा गिरावट नहीं आने की संभावना है।
परवल अब भी महंगा, फरवरी में कम होने के आसार
कुछ सब्जियों के दाम अब भी नहीं घटे हैं। जैसे शिमला मिर्च 40 रुपए और परवल अब भी 60 रुपए किलो मिल रहा है। साथ ही प्याज की कीमतों मे 5 से 10 रुपए की मामूली गिरावट आई है। प्याज के थोक व्यापारियों के मुताबिक नया प्याज अभी पर्याप्त मात्रा में नही आ रहा है, जिससे कीमतें कम नहीं हुई है। भाव कम होने में अभी कुछ दिन और लगेंगे, वही सब्जियों के थोक व्यापारियों का कहना है कि लोकल पैदावार मार्केट में आने से हरी सब्जियों की कीमतें घटी है, जो फरवरी तक कम रहने के आसार है ।
साभार: दैनिक भास्कर

