पहले चरण में चांपा, जांजगीर, नैला के उपभोक्ताओं की हो रही टैगिंग
जांजगीर. नगर में बिजली की चोरी और नुकसान रोकने विभाग अब उपभोक्ताओं को ट्रांसफार्मर वार ऑनलाइन टैग कर रहा है। इस काम के पूरा होते ही बिजली का कहां कितना नुकसान हो रहा है, किस ट्रांसफॉर्मर से गए कनेक्शन में किस उपभोक्ता द्वारा अपने घर में बिजली की चोरी की जा रही है, विभाग एक क्लिक में देख सकेगा। इसके लिए बिजली विभाग के अधिकारी एक-एक खंभे से लेकर उपभोक्ताओं के घर तक पहुंची बिजली की मॉनिटरिंग कर रहे हैं। बिजली विभाग के अफसरों के अनुसार नगर के अलग-अलग इलाकों में उपभोक्ताओं द्वारा डायरेक्ट हुकिंग, मीटर बाइपास, मीटर में छेड़छाड़ कर बिजली की चोरी की जा रही हैंं। इसके अतिरिक्त रीडर भी रीडिंग में गड़बड़ी कर हर महीने विभाग के हिसाब में हेराफेरी कर रहे हैं। तकनीकी कारणों से भी बिजली 26 से 30 प्रतिशत तक नुकसान हो रही है। इंजीनियरों के अनुसार इस तरह का नुकसान न्यूनतम 15 प्रतिशत होना चाहिए, लेकिन वर्तमान में यह नुकसान ज्यादा है। जिसकी रोकथाम के लिए इस तरह की व्यवस्था की जा रही है। टैगिंग का काम पूरा होने के बाद जिन क्षेत्रों में लाइन लॉस अधिक है, वहां औचक निरीक्षण कर बिजली चोरी के प्रकरण भी बनाए जाएंगे।
अभी अनुमान व शिकायत पर ही पकड़ी जाती है चोरी
अभी कंपनी फीडर और ट्रांसफार्मर के बीच दी गई सप्लाई में अंतर से लाइन लॉस की गणना करते है। इस तकनीक में बिजली की चोरी करने वालों को ढूंढना मुश्किल होता है। लाइन लॉस में अंतर पाने पर अफसर अनुमान और शिकायत के आधार रही बिजली चोरी करने वालों के घरों तक पहुंच पाते हैं।
गड़बड़ी करने वाले रीडरों के खिलाफ होगी कार्रवाई
डोर-टू-डोर सर्वे के बाद ऑनलाइन मीटर टैगिंग से रीडरों द्वारा की जा रही रीडिंग की हेराफेरी भी पकड़ी जाएगी। वर्तमान में रीडिंग का काम कंपनी निजी वेंडरों से करा रही है। प्रति उपभोक्ता 5 रुपए तक भुगतान किया जा रहा है। रीडर अतिरिक्त लाभ कमाने उपभोक्ताओं से नगद लेने की शिकायत मिल रही है।
अभी इन मोहल्लों में नुकसान ज्यादा
विभाग के अनुसार वर्तमान में निचली बस्तियों में हुकिंग के केस ज्यादा है। इसके अलावा कॉलोनियों और बड़े व्यवसायी भी मीटर आदि में छेड़छाड़ कर बिजली की चोरी कर रहे हैं। वर्तमान में जांजगीर के खम्हरियापारा,बनारीरोड, नैला भाटापारा, खड़पड़ी पारा, चंदनियापारा, चांपा में बीएलहोम, बेलदारपारा, संजय नगर, जगदल्ला, तिलक नगर, नयापारा में अधिक बिजली चोरी होने की जानकारी विभागीय अधिकारियों ने जुटाई है।
कहां कितना नुकसान एक क्लिक में देख सकेंगे
“सर्वे का काम लगभग पूरा हो चुका है। अब हम ट्रांसफार्मर वार उपभोक्ताओं को टैग करने का काम कर रहे हैं। अगले 20 दिनों में यह काम पूरा हो जाएगा। इससे किन क्षेत्रों में कितनी बिजली की चोरी और तकनीकी नुकसान कंपनी को हो रहा है हम एक क्लिक में जान सकेंगे।”
-केएन सिंह, डीई, चांपा जांजगीर डिवीजन
साभार: दैनिक भास्कर

