रायगढ़. डेंगू-मलेरिया के खतरे को देखते हुए शहर में फाॅगिंग कराना और दवा का छिड़काव जरूरी हो गया है, लेकिन नगर निगम ने यह काम अब तक शुरू नहीं कराया है। निगम के पास फॉगिंग के लिए दो मशीने हैं। इसमें अभी एक मशीन खराब है जो दो नई मशीन मिली हैं, उसका इस्टालेशन अब तक नहीं हो पाया है। ठंड बढ़ने के साथ वार्डों में मच्छरों का प्रकोप भी बढ़ गया है। निगम वर्तमान में सिर्फ वीआईपी इलाकों में ही फॉगिंग पर ज्यादा ध्यान दे रही है। मच्छरों का प्रकोप बढ़ने के बावजूद निगम उससे निपटने के लिए तैयार नहीं है। उसे नई व्यवस्था बनाने में ही एक-डेढ़ माह समय लग सकता है। निगम को 1 करोड 68 लाख रुपए मिले है, जिससे वह फॉगिंग मशीन को खरीदने की तैयारी कर रही है। ठंड बढ़ने के बाद कुछ वार्डों में ही टेमीफास का छिड़काव किया जा रहा है। फॉगिग अब तक शुरू नहीं हो पाई है। नगर निगम डीएमएफ से 10 फॉगिंग मशीन खरीदने की मंजूरी मिल चुकी है, लेकिन इसे पैसे से भी अगले महीने तक खरीदी होने की संभावना है।
कुछ दिनों में एक और मशीन ठीक हो जाएगी
“अभी हमारे पास दो मशीन है, जिसे अभी चलाया जा रहा है। इसमें हम एक-एक वार्ड को कवर कर रहे है। दूसरी मशीन जल्द ही ठीक करा ली जाएगी। नई मशीनें भी एक माह में खरीदारी की जाएगी। अगले महीने से व्यवस्था ठीक करने की कोशिश की जा रही है।”
–जी ईश्वर राव, स्वास्थ्य अधिकारी नगर निगम

