जांजगीर. बाड़ादरहा पंचायत के सचिव के खिलाफ ग्रामीणों ने शिकायत की थी। जांच के लिए सीईओ जिला पंचायत ने टीम बनाई। जांच अधिकारी ने सचिव को निर्देशित किया था कि जांच की तारीख की जानकारी शिकायतकर्ताओं को दे, उसने नहीं दी। साथ ही न तो पंचायत में दस्तावेज थे और न ही सचिव कोई पेपर पेश कर पाया। जांच अधिकारी की अनुशंसा के बाद जिपं सीईओ तीर्थराज अग्रवाल ने सचिव तोमेश्वर चंद्रा को सस्पेंड कर दिया है। मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री अग्रवाल ने बताया कि सचिव के विरूद्ध शिकायत प्राप्त होने के बाद जांच समिति गठित की गई थी। जांचकर्ता अधिकारी एवं सहायक परियोजना अधिकारी जिला पंचायत ने पूर्व सरपंच समयलाल यादव एवं सचिव तोमेश्वर चंद्रा बाड़ादरहा को ग्राम पंचायत में उपस्थित रहने के साथ ही शिकायतकर्ता को भी जांच की सूचना देने के निर्देश दिये थे। लेकिन सचिव ने संबंधित शिकायतकर्ता को सूचना नहीं दी। इसके अलावा सचिव ग्राम पंचायत का दस्तावेज लेकर जांच में उपस्थित नहीं हुआ और न ही ग्राम पंचायत में कोई दस्तावेज रखा था। यहीं नहीं जब जांच चल रही थी तो वे बैठक से उठकर चले गए और ग्रामीणों ने बताया कि सचिव का व्यवहार ठीक नहीं है।
साभार: दैनिक भास्कर

